Domestic Violence on Men

A woman can get away by paying Rs. 10000

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Shame on Indian laws and justice ! But, that’s real India!

 A woman can get away by paying only Rs. 10,000 ($145) for a serious offence of fooling the court and seeking non-admissable remdy. There is no consideration that she has even destroyed a man’s life.  This is banana justice of a banana republic.

Had it been any man doing the same, the entire world have been out to demand death penalty for him. Down with Indian laws that openly promote misuse by women. Shame once again. This news item was published at:

http://www.dnaindia.com/mumbai/report-woman-fined-rs10000-for-perjury-by-court-for-lying-under-oath-2186581

माताएं एवं बहिने महिला नहीं

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‘दामन’ संस्था ने ‘वैवाहिक बलात्कार’ का किया विरोध

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तस्वीरें गवाह हैं की जब 20 फरवरी 2016 को कानपुर के बड़े चौराहे पर ‘दामन’ संस्था ने प्रस्तावित ‘वैवाहिक बलात्कार’ कानून का विरोध किया तो उन्हें अभूतपूर्व जन समर्थन मिला । जन-जागरण के लिए आयोजित इस कार्यक्रम के मर्म को न सिर्फ लोगों ने सराहा बल्कि ज्ञापन पर अपने हस्ताक्षर बना कर दामन की इस मुहीम से जुड़े । बड़ी संख्या में महिलाओं से इस हस्ताक्षर अभियान में सहभागिता की । क्या खुद को देश का रहनुमा कहने वाले सुन और देख रहें हैं ?

पुरुषों को अपराधी बनाने वाले कानूनों को समाप्त करने का समय आ गया है

पुरुषों को अपराधी बनाने वाले कानूनों को समाप्त करने का समय आ गया है । इस लेख के माध्यम से इस बात को समाज की मुख्यधारा में उठाने का प्रयास किया गया है कि भारतीय दंड विधान के 498ए और घरेलू हिन्सा कानून की वजह से पुरुषों को अपराघी बनाया जा रहा है । चूंकि इनका व्यापाक पैमाने पर दुरुपयोग रहा है इसलिये इसे समाप्त करने की जरूरत है । बताते चलें की इस लेख के मूल में हैदराबाद निवासी प्रो. गुरुप्रसाद की अपने दोनों बेटों को मारकर स्वयं भी आत्महत्या करने की घटना रहा है । प्रो. गुरुप्रसाद का पत्नी से तलाक का मुकदमा चल रहा था । जिसके बीच उन पर दहेज उत्पीड़न का फर्जी मुकदमा भी दर्ज कराया गया । मरने से पूर्व अपने सूसाईड नोट में प्रो. गुरुप्रसाद ने केन्द्रीय गृह मन्त्री जो पत्र लिखकर इन कानूनों के बेजा इस्तेमाल को रोकने का अनुरोध किया था । साथ ही वह लिख कर गये हैं कि इन जान लेवा कानूनों से तंग आकर वे आत्म हत्या कर रहें हैं । साथ ही बताते चलें कि भारत में प्रतिवर्ष लगभग 65000 पुरुष इन कानूनों से तंग आकर अपनी जान ले रहे हैं  ।

http://ibnlive.in.com/news/time-to-scrap-laws-which-turn-ordinary-men-into-criminals/505162-3.html

बहू ने भाई के साथ मिलकर तोड़ीं ससुर की हड्डियां

http://www.delhincr.amarujala.com/feature/crime-bureau-ncr/daughter-in-law-attacks-on-her-father-in-law/

शुक्रवार, 2 मई 2014,  अमर उजाला, फरीदाबाद

इस पूरे मामले में आरोपी महिला के भाई ने भी उसका साथ दिया और दोनों ने मिलकर बुजुर्ग को जमकर धुना। फरीदाबाद पुलिस के अनुसार, बुजुर्ग भरत लाल गांव झाड़सैतली में रहते हैं। उनके बेटे जोगेंद्र की शादी करीब आठ साल पहले मुजेसर निवासी रजनी से हुई थी।

जांच अधिकारी जैकम खान ने बताया कि शादी के बाद से दोनों परिवारों में किसी बात को लेकर विवाद चल रहा है।

बृहस्पतिवार को रजनी का भाई कैलाश अपने एक साथी के साथ रजनी को कूलर देने आया था। इसी दौरान भरत लाल और कैलाश के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। कहासुनी के बाद नौबत मारपीट तक पहुंच गई। आरोप है कि रजनी, कैलाश और उसके साथी ने मिलकर भरत लाल पर हमला कर दिया, जिससे वह घायल हो गया। बताया गया है कि भरत लाल के पैर की हड्डी टूट गई, जिसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया।

घटना के बाद तीनों घर से भाग गए। भरत लाल ने बहू रजनी, उसके भाई कैलाश व एक अन्य के खिलाफ मामला दर्ज करा दिया। उसका आरोप है कि मारपीट के बाद तीनों आरोपी उसके घर में रखे 4 लाख रुपये भी ले गए।  पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है।